एक्सिस बैंक लूटकांड के खुलासे के लिए एसआईटी गठित
मुजफ्फरपुर
बिहार के वैशाली के बिदुपुर थाने के कंचनपुर स्थित एक्सिस बैंक से 44 लाख लूटकांड के खुलासे के लिए एसआईटी (स्पेशल टास्क फोर्स) को लगाया गया है। शुक्रवार को रेंज आईजी ने वैशाली एसपी के नेतृत्व में टीम गठित की है। टीम में डीएसपी के अलावा बिदुपुर, सदर, गंगा ब्रिज थाना के प्रभारी, डीआईयू व सर्विलांस सेल को शामिल किया है। टीम ने छानबीन शुरू कर दी है। लुटेरों तक पहुंचने के लिए मोबाइल टावर डंप कराया जाएगा।
रेंज आईजी गणेश कुमार ने बताया कि एसआईटी का गठन किया गया है। सीसीटीवी फुटेज से मिले सुराग के आधार पर टीम छानबीन में जुट गई है। हेलमेट और मास्क पहने अपराधियों की शिनाख्त में परेशानी हो रही है। हालांकि, वैज्ञानिक तरीके से इनकी पहचान करने की कोशिश की जा रही है। हिस्ट्रीशीटरों व बैंक लूट में शामिल अपराधियों की तस्वीर भी एक्सपर्ट से दिखाई जा रही है।
रेंज आईजी ने बताया कि बैंक में छह अपराधी घुसे थे। पांच मिनट में ही बैंक के करेंसी चेस्ट को खाली कर गए। इससे साफ है कि अपराधी बैंक की पहले से रेकी कर चुके थे। बैंक के हर अधिकारी व कर्मचारी के कार्य से अवगत थे। मसलन कौन क्या करता है, किसके पास चाबी आदि रहती है। उन्होंने आशंका जतायी कि इन छह अपराधियों के अलावा भी उनके अन्य साथी बैंक के आसपास निगरानी रख रहे थे।
रेंज आईजी ने बताया कि बैंक में गार्ड या सुरक्षाकर्मी प्रतिनियुक्त नहीं था। इस ब्रांच का बिजनेस अधिक है। इसके बावजूद कई स्तर पर लापरवाही सामने आ रही है। इसकी समीक्षा वैशाली एसपी व बैंक प्रबंधन के साथ करेंगे।
पुलिस सूत्रों की मानें तो कंचनपुर एक्सिस बैंक लूटकांड को मुजफ्फरपुर, वैशाली या पटना के अपराधियों ने अंजाम दिया है। अपराधी कंचनपुर इलाके से अच्छी तरह वाकिफ थे। मेन रोड छोड़कर लूप लाइन से वारदात को अंजाम देकर सभी फरार हो गए। इसमें स्थानीय लाइनर की भी भूमिका रही होगी।
मुजफ्फरपुर के काजी मोहम्मदपुर थाने माड़ीपुर ओवरब्रिज के समीप एक्सिस बैंक से अप्रैल 2016 में 47 लाख रुपये लूटे गए थे। पुलिस ने उस वक्त हाजीपुर के कहार गिरोह को दबोचा था। इनके पास से एक लाख से अधिक रुपये भी बरामद हुए थे। फिलहाल इस गिरोह के अपराधी जमानत पर जेल से बाहर हैं। पुलिस के पास इसकी जानकारी उपलब्ध नहीं है कि गिरोह वर्तमान में क्या कर रहा है।

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